भारत के त्योहार पर निबंध

भारत के त्योहार पर निबंध

भारत के त्योहार पर निबंध हिंदी में

भारत त्योहारों का देश हैं जहां पूरे साल अलग अलग त्योहार बड़ी ही धूमधाम से मनाए जाते हैं। भारत में सभी धर्मों के लोग अपना त्योहार एक साथ मिल-जुलकर मनाते हैं चाहें वह हिंदुओं की दिवाली हो, मुस्लमानों की ईद हो, सिखों की लोहड़ी हो या फिर ईसाइयों का क्रिसमस हो। भारत में सभी त्योहार खुशी और जुनून के साथ मनाए जाते हैं। भारत के त्योहार पर निबंध

भारत में त्योहारों का महत्व- हमारे देश में त्योहार का जाल बिछा हुआ है या यों कहा जाए कि यहाँ आये दिन कोई न कोई त्योहार पड़ता ही रहता है। ऐसा इसलिए कि हमारे देश के ये त्यौहार किसी एक ही वर्ग, जाति या सम्प्रदाय से सम्बंधित नहीं होते अपितु ये विभिन्न वर्गों, जातियों और सम्प्रदायों के द्वारा सम्पन्न और आयोजित होते रहते है, इसलिए ये त्योहार धार्मिक, सांस्कृतिक, राजनीतिक और सामाजिक होते है। इन सभी प्रकार के त्योहार का कुछ न कुछ विशिष्ट अर्थ और महत्त्व होता है। हमारे देश मे त्योहारों का महत्व नि: संदेह है। इन त्योहार का महत्व समाज और राष्ट्र की एकता, प्रेम एकता, मेल-मिलाप के दृष्टि से है। साम्प्रदायिक एकता, धार्मिक-समन्वय, सामाजिक-समानता को हमारे भारतीय त्योहार समय-समय पर हमारे अंदर उत्न करते है।

भारत में मनाए जानें वाले त्योहारों को हम तीन प्रकार से बांट सकते हैं जैसे राष्ट्रीय त्योहार, धार्मिक त्योहार और मौसमी त्योहार। सभी त्योहारों का अपना एक विशेष महत्त्व है और इन्हें मनाने का तरीका भी अलग अलग है। राष्ट्रीय त्योहारों में गणतंत्र दिवस, 15 अगस्त, शिक्षक दिवस, 2 अक्टूबर गांधी जयंती आदि त्योहार प्रमुख हैं। धार्मिक त्योहारों में होली, दिवाली, ईद, क्रिसमस आदि शामिल हैं। और मौसमी त्योहरों में मकर संक्रांति, लोहड़ी, बैसाखी, पोंगल आदि बहुत से त्योहार हैं। भारत के त्योहार पर निबंध

राष्ट्रीय त्योहार- गाँधी जयंती यह पर्व प्रत्येक वर्ष 2 अक्टूबर के दिन महात्मा गांधी के जन्म समारोह के रूप में मनाते है। इस दिन महात्मा गाँधी के उनके अद्भुत कार्य और उनके बलिदान की याद में समर्पित किया जाता है। गांधी जयंती के दिन सभी सरकारी और गैर सरकारी संस्थाओं में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन कर उनके महान कार्य को याद किया जाता है और उन्हें श्रद्धांजलि दी जाती है।

स्वतंत्रता दिवस- प्रतिवर्ष 15 अगस्त को हमारे देश के प्रधानमंत्री द्वारा लाल किले पर झंडा फहराकर  स्वतंत्रता सेनानियों द्वारा देश के प्रति किये गए कार्य और बलिदान को याद किया जाता है।

गणतंत्र दिवस-  26 जनवरी 1950 के दिन हमारे देश का संविधान लागु हुआ था, तब से इसे गणतंत्र दिवस के रूप में मानते है और देश के स्वतंत्रता सेनानियों और डॉ. भीमराव अम्बेडकर जिन्होंने हमारे देश के संविधान को लिखा था उन्हें याद किया जाता है। स्कूलों में कई कार्यक्रम आयोजित होते है और बच्चों में मिठाईया बांटी जाती हैं।

धार्मिक त्योहार- भारत में हिन्दू, मुस्लिम, सिख, ईसाई व अन्य धर्म को मानने वाले लोग रहते है, और सभी एक साथ मिलकर त्योहारों को मानते है। इन त्योहारों में जैसे होली, दिवाली, दशहरा, रक्षाबंधन, कृष्ण जन्माष्टमी, इत्यादि अन्य त्योहार हिन्दुओं के मुख्य त्योहार है। ईद-उल फितर, बारावफात, मुहर्रम, इत्यादि मुसलमानों के मुख्य त्योहार है।

दिवाली- दिवाली या दीपावली को हम दीयों या रौशनी के त्योहार के नाम से भी जानते है। इसे हिंदुओं के महत्वपूर्ण त्योहारों में से एक जाना जाता है। हिन्दू मान्यताओं के अनुसार ऐसा कहा जाता है, कि इसी दिन भगवन रामचंद्र ने अपनी पत्नी सीता और भाई लक्ष्मण के साथ 14 वर्ष का वनवास काटकर अयोध्या वापस आये थे। अयोध्या वासियों ने श्री राम को अपने राज्य में वापस आने की खुशी में पुरे राज्य को दीयों से सजाया था।

एक परंपरा के अनुसार अंधेरे और अज्ञानता को दूर भागने के लिए दीयों और मोमबत्तियों से चारों ओर रोशनी की जाती है। सभी इस महान त्योहार को बहुत ही उत्साह और ख़ुशी के साथ मिलजुल कर मनाते है। लोग रंगोली बनाते हैं,देवी लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा करते हैं, और इस त्योहार को मनाने के लिए पटाखे जलाते हैं।

होली- होली रंग का त्योहार है। यह सबसे मजेदार भारतीय त्योहारों में से एक है। हालांकि इसके लिए एक धार्मिक अर्थ भी है। इस दिन का पूरा उद्देश्य मौज – मस्ती करना है। लोग एक दूसरे पर रंग डालते हैं और मिठाई खाते हैं। यहां लोग एक – दूसरे को रंगने के लिए इकट्ठा होते हैं और होली के जश्न के हिस्से के रूप में एक दूसरे पर पानी फेंकते हैं।

रक्षाबंधन- रक्षाबंधन एक और भारतीय त्योहार है जिसे पूरे देश में मनाया जाता है। यह त्योहार भाई-बहन के बंधन को मजबूत करने के लिए मनाया जाता है। बहनें इस दिन अपने भाइयों के पास जाती हैं और उनकी कलाई पर राखी बांधती हैं। बदले में भाई अपनी बहनों की रक्षा करने और ज़रूरत के समय उनके लिए रहने का वादा करते हैं। इसके बाद मिठाइयों का आदान – प्रदान होता है। भाई इस दिन अपनी बहनों के लिए विशेष उपहार भी लाते हैं।

नवरात्रि- नवरात्रों के शुभ नौ दिन देवी दुर्गा को समर्पित हैं। ऐसा कहा जाता है कि देवी दुर्गा को भगवान ब्रह्मा, विष्णु और शिव द्वारा संयुक्त रूप से बनाया गया था और उन्हें शक्ति प्रदान करने के लिए इन सभी देवताओं द्वारा शक्ति प्रदान की गई थी। लोग नवरात्रों के दौरान उपवास रखते हैं और हर दिन देवी दुर्गा के अलग – अलग अवतार की पूजा करते हैं। नवरात्रों के शुभ नौ दिन देवी दुर्गा को समर्पित हैं। ऐसा कहा जाता है कि देवी दुर्गा को भगवान ब्रह्मा, विष्णु और शिव द्वारा संयुक्त रूप से बनाया गया था और उन्हें शक्ति प्रदान करने के लिए इन सभी देवताओं द्वारा शक्ति प्रदान की गई थी।

वह राक्षस महिषासुर को मारने के लिए बनाया गया था, जो निर्दोष लोगों को मार रहा था। देवी दुर्गा ने नौ दिनों तक उनके साथ युद्ध किया और दसवें दिन उनका सिर काट दिया। यह फिर से अच्छे और बुरे के बीच लड़ाई थी और यह अच्छा था जो विजयी हुआ।

ईद- ईद- उल- फितर, ईद – उल – जुहा इसके अलावा सब – ए बारात , मोहरम , बरबाफत आदि मुसलमानों के प्रमुख त्योहार है । ईद का मतलब ही खुशी है । इस्लामी कैलेंडर के अनुसार रमजान के पाक महीने के बाद चांद दिखाई देने पर ईद मनाई जाती है । ईद उल फितर पूरी दुनिया में सामूहिक रूप से मनाया जाता है , चाहे कोई भी किसी भी नस्ल का हो , कोई भी भाषा बोलता हो , दुनिया की किसी भी क्षेत्र में रहता हो । सभी मुसलमान बिना किसी भेदभाव के सामूहिकता की भावना के साथ इस त्योहार को मनाते हैं । ईद खुशियों का पैगाम लेकर आती है । इस दिन मस्जिदों में विशेष नमाज अदा की जाती है इसके साथ ही लोग सैवियां बनाकर इस त्यौहार को मनाते हैं ।

मौसमी त्योहार- भारत में कई प्रकार के मौसमी त्योहार फसलों की कटाई या मौसमों के परिवर्तन के लिए मनाये जाते है। इनमें से कुछ पारम्परिक तो कुछ सांस्कृतिक त्योहारों को दर्शाते है। जिनमें से कुछ इस प्रकार है-

वसंत पंचमी- वसंत पंचमी हिन्दुओं का एक प्रमुख त्योहार है । आमतौर पर यह फरवरी – मार्च के महीने में होता है । वसंत पंचमी इस बात का प्रतिक है की इस दिन से वसंत ऋतू और होली के पर्व का शुभारम्भ होता है । इस दिन लोग ” माँ सरस्वती की पूजा करते है , गीत संगीत के साथ इस पर्व को धूमधाम से मानते है

पोंगल / मकर संक्रान्ति- भारत के उत्तरी हिस्से में 14 जनवरी के दिन मकर – संक्रांति के रूप में तो वही देश के दक्षिण इलाके में पोंगल के रूप में मनाते है । इस दिन नयी उपज से पैदा अन्न के पकवान बनाकर भगवान को अर्पित कर उनसे समृद्धि और आशीर्वाद मांगते है । इस दिन सूर्य देवता की पूजा की जाती है । इस पर्व के माध्यम से सूर्य को धन्यवाद और उनकी पूजा भी की जाती है । परम्परा के अनुसार सूर्य के दक्षिणायन से उत्तरायण में प्रवेश करने के रूप में भी मनाया जाता है ।

बिहू- बिहू पर्व असम राज्य की फसल कटाई के पर्व के रूप में मनाई जाती है । इस दिन फसलों की अच्छी पैदावार के लिए भगवान से प्रार्थना की जाती है और घरों की साफ़ सफाई कर हल – कुदाल इत्यादि उपकरणों की पूजा नए वस्त्र पहनकर की जाती है । गीत – संगीत के साथ इस पर्व में लोग आपस में मिलकर एक – दूसरे को बधाइयाँ और उपहार बाटते है ।

छठ- यह पर्व मुख्य रूप से बिहार , झारखण्ड , और उत्तर प्रदेश में मनाई जाती है । इस पर्व में उगते और डूबते सूरज की आराधना और आर्ग दी जाती है । परिवार में अपनों की सलामती के लिए यह पर्व मनाया जाता है । यह त्योहार दीवाली से छः दिन पश्चात हर वर्ष मनाया जाता है।

निष्कर्ष- विश्व भर में मनाये जाने वाले सभी पर्वों में भारत सबसे ज्यादा पर्व वाला देश है । ये पर्व देश के सांस्कृतिक और समृद्धि का भी प्रतिक है । भारत में अनेक धर्म के लोग अपने धर्म , संस्कृति और परंपरा के प्रचार – प्रसार करने के लिए बड़ी ही धूमधाम से एक साथ मिलकर मानते है । ये सभी पर्व हमारे देश की अनेकता में एकता का सन्देश सारे विश्व में देते है। 

उम्मीद है दोस्तों आपको भारत के त्योहार पर निबंध पसंद आया होगा। अपने सुझाव कमेंट बॉक्स में अवश्य दें धन्यवाद।

Read more posts…

2 thoughts on “भारत के त्योहार पर निबंध”

Leave a Comment

error: Content is protected !!